फ़ॉलोअर

सोमवार, 14 अप्रैल 2025

गुरुदेव दृष्टि अमृत समान

 गुरुदेव दृष्टि अमृत समान , मिट जाता मन का अभिमान।

 झूठा लगता मान सम्मान ,गुरू वचन डाल देते मुर्दे में जान।


स्वरचित एवं मौलिक 

अमरजीत सिंह 

सांबा,जम्मू-कश्मीर 


कोई टिप्पणी नहीं:

प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है

 शीर्षक: प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है सभी ग्रंथों का सार  सभी एक है परिवार  बना ले इसको जीवन का आ...