फ़ॉलोअर

शनिवार, 11 मार्च 2023

दुख दर्द तुम मिटा दो मेरे

 शीर्षक - दुख दर्द तुम मिटा दो मेरे 

" दुख दर्द तुम मिटा दो मेरे , बुरे भले हम सब तेरे 

हम बालक तुम मात पिता मेरे, अब हम पड़े हैं द्वार तेरे । "

स्वरचित एवं मौलिक

अमरजीत सिंह 

जिला - सांबा, जम्मू कश्मीर 




कोई टिप्पणी नहीं:

प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है

 शीर्षक: प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है सभी ग्रंथों का सार  सभी एक है परिवार  बना ले इसको जीवन का आ...