फ़ॉलोअर

सोमवार, 23 मई 2022

मेरा गुरु मेरा परमेश्वर है

 शीर्षक - मेरा गुरु मेरा परमेश्वर है 

मेरा गुरु मेरा परमेश्वर है

सतगुरु तूं ही सारे जग का ज्ञानेश्वर है 

सब जीवों पर तुम दया दिखाते 

सब पापों को मूल से मिटाते

वैर विरोध करना मेरे दयालु सतगुरु को न भाता

तुम्हारी महिमा को जग का जन जन गाता

अवगुणों को हृदय से दूर करते

मोह माया के खोल देते सब पर्दे 

प्रभु सिमरन की विधि बताते

अंतर तीर्थ में स्नान करना सिखाते 

प्रभु की सतगुरु महिमा गाते 

सबके मन‌ में प्रभु भक्ति की भूख लगाते 

सतगुरु जी की सतसंगति मुक्ति द्वार 

भवसागर से हो जाता बेड़ा पार ।



स्वरचित एवं मौलिक

अमरजीत सिंह

सांबा , जम्मू कश्मीर




कोई टिप्पणी नहीं:

प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है

 शीर्षक: प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है प्रेम ही ईश्वर है ईश्वर ही प्रेम है सभी ग्रंथों का सार  सभी एक है परिवार  बना ले इसको जीवन का आ...