नमन मंच🙏🙏🙏
#गूंज क़लम की जम्मू कश्मीर इकाई
दिनांक - 20/09/2021
दिन - सोमवार
#विषय - प्रेम दीवानी मीराबाई
विधा - कविता
मीरा प्रेम दीवानी हर श्वास से गिरिधर गिरिधर गाने लगी,
अपनी निष्काम भाव सेवा से ,
गोपाल को रिझाने लगी ।
मोह माया के बंधन तोड़ कर,
लिव श्यामा से जोड़कर ,
प्रीत की रीति निभाने लगी ।
विष का प्याला पिया ,
तन तन धन सब संवारे को समर्पित किया,
प्रेम दीवानी यशोदानंदन के रंग में रंग जाने लगी।
लोक लाज को भुलाया,
प्रेम दीवानी ने अपनों से दुख बहुत पाया,
अपनी प्रेम प्रीत में ही नंदलाला का दर्शन पाने लगी ।
कलयुग में द्वापर युग जैसा सुख पाया,
हर घड़ी प्राण प्रिय को सामने पाया,
प्रेम दीवानी कान्हा संग प्रेम सागर में डूब जाने लगी ।
स्वरचित एवं मौलिक
अमरजीत सिंह
जिला - सांबा, जम्मू कश्मीर
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