#गुरु परमेश्वर एक है
गुरु परमेश्वर एक है मत रखो मन में भेद
गुरु ही ईश्वर, ईश्वर ही गुरु सब कहते शास्त्र वेद
गुरु की ज्योति घट घट बसी जब नैनो से देखा दीदार
संपूर्ण ब्रह्मांड में गुरु जैसा कोई न तरनहार
गुरु बिना भक्ति अज्ञानता न होती दूर
बाहरी साधन अपनाने से नहीं मिलता आत्मा को सरूर
बिना गुरु युक्ति के सारे कर्म कांड फ़िज़ूल
कर्म कांडों में पड़कर भूल जाता है अपना मूल
परमेश्वर गुरु रूप में सिखाता है असली नाम भक्ति के उसूल
गुरु ज्ञान को धारण करने वाले नाम भक्ति के रंग से हो जाते भरपूर
स्वरचित एवं मौलिक
अमरजीत सिंह
जिला - सांबा, जम्मू-कश्मीर
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें