नमन मंच 🙏🙏🙏
#हिंददेश परिवार पंजाब इकाई
दिनांक - 28 जून 2021
दिन -सोमवार
#विषय - शौर्य
विधा - गद्य - पद्म
शौर्यगाथा उसकी गाई जाती है,
जो कभी नहीं झुकता,
अपना मार्ग स्वयं बनाता,
वो किसी पर निर्भर नहीं होता,
वो कभी रूकता नहीं ,
न विघ्न बाधाओं से घबराता है,
अपनी जीत सुनिश्चित करने के लिए,
हर दुख कठिनाई को सरलता से पार कर जाता,
कुछ असंभव उसको लगता नहीं ,
जो परिश्रम को अपना कर्म बनातास
शौर्य सिर्फ वो नही युद्ध जो लड़ता,
विषम परिस्थितियों भी जो लक्ष्य से नहीं हटता,
जीवन में हर चुनौती को,
वो परीक्षा के रूप में लेता,
संसार की भलाई के लिए,
अपना हर कर्म समर्पित करता,
सत्य मार्ग को जीवन में सदा अपनाता,
शौर्यवान होने का परिचय अपनी करनी से देता ।
स्वरचित एवं मौलिक
अमरजीत सिंह
जम्मू , जम्मू कश्मीर
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