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शुक्रवार, 9 दिसंबर 2022

मन मेरे सब मायाजाल

 #मन मेरे सब मायाजाल 

" मन मेरे सब मायाजाल ,फंसकर इसमें होता सबका बुरा हाल 

सब ओर फैला काल का जाल ,पांच विकार इसके दलाल ।"


स्वरचित एवं मौलिक

अमरजीत सिंह

जिला - सांबा , जम्मू कश्मीर 



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