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मंगलवार, 29 नवंबर 2022

सचखंड

 #सचखंड 

" सतगुरु मेरे तूं सचखंड का वासी तहां बसत है अचल अविनाशी ,

चार पदार्थ,अष्ट सिद्धि नौ निधियां सब तेरे चरणों की दासी।"

स्वरचित एवं मौलिक

अमरजीत सिंह

जिला - सांबा , जम्मू कश्मीर 


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